नई दिल्ली: सुबह की शुरुआत कई लोग चाय या कॉफी से करते हैं, जबकि कुछ लोग सेहतमंद विकल्प के तौर पर फलों को अपनी दिनचर्या में शामिल करते हैं। इनमें केला सबसे आसानी से उपलब्ध और पसंद किया जाने वाला फल है। हालांकि, अक्सर यह सवाल उठता है कि सुबह खाली पेट केला खाना फायदेमंद है या इसे नाश्ते के साथ लेना ज्यादा बेहतर होता है।
केला पोषक तत्वों से भरपूर फल माना जाता है, लेकिन इसे सिर्फ नाश्ते का विकल्प नहीं बनाया जाना चाहिए। विशेषज्ञों के अनुसार, केले के साथ प्रोटीन और हेल्दी फैट वाले खाद्य पदार्थ शामिल करने से यह ज्यादा संतुलित आहार बन जाता है।
सुबह केला खाने से मिलते हैं ये फायदे
केले में फाइबर, पोटैशियम, विटामिन बी6 और विटामिन सी जैसे कई जरूरी पोषक तत्व पाए जाते हैं। एक सामान्य केले में करीब 3 ग्राम फाइबर होता है, जो पेट को लंबे समय तक भरा हुआ महसूस कराने में मदद करता है और पाचन तंत्र को बेहतर तरीके से काम करने में सहायक होता है।
केले में मौजूद पोटैशियम शरीर में तरल संतुलन बनाए रखने और मांसपेशियों के सही संचालन में मदद करता है। यही वजह है कि कई लोग सुबह या व्यायाम से पहले केले को ऊर्जा के अच्छे स्रोत के रूप में लेते हैं।
केले को नाश्ते में ऐसे करें शामिल
केले को अकेले खाने के बजाय इसे दूसरे पौष्टिक खाद्य पदार्थों के साथ लेना ज्यादा फायदेमंद माना जाता है। इससे शरीर को कार्बोहाइड्रेट के साथ प्रोटीन और जरूरी फैट भी मिलते हैं।
केले को इन तरीकों से नाश्ते में शामिल किया जा सकता है-
- केला और दही के साथ
- केला, ओट्स और चिया सीड्स के साथ
- केला और नट्स के साथ
- ओटमील में कटे हुए केले के साथ
- केला और पीनट बटर के साथ
- केला और दूध के साथ संतुलित नाश्ते के रूप में
प्रोटीन और हेल्दी फैट के साथ केला खाने से नाश्ता ज्यादा संतुलित बनता है और लंबे समय तक भूख को नियंत्रित करने में मदद मिल सकती है।
डायबिटीज मरीज रखें विशेष सावधानी
डायबिटीज से पीड़ित लोगों को केला खाते समय इसकी मात्रा का ध्यान रखना चाहिए। पके हुए केले में कार्बोहाइड्रेट और प्राकृतिक शुगर की मात्रा अधिक होती है, जो ब्लड शुगर को प्रभावित कर सकती है।
हालांकि, केले में मौजूद फाइबर शुगर के असर को कुछ हद तक धीमा करने में मदद करता है। इसलिए डायबिटीज मरीजों को अपनी डाइट में केला शामिल करने से पहले मात्रा और समय का ध्यान रखना जरूरी है।
