नई दिल्ली: तत्काल और सामान्य टिकट बुकिंग के दौरान सर्वर धीमा होने और भुगतान अटकने की समस्या से यात्रियों को जल्द राहत मिल सकती है। भारतीय रेलवे की टिकट बुकिंग सेवा को बेहतर बनाने के लिए आईआरसीटीसी अपने मौजूदा सिस्टम को अपग्रेड करने की तैयारी में है। नए सिस्टम के लागू होने के बाद हर मिनट 1 लाख से अधिक टिकट बुकिंग संभालने की क्षमता होगी। इससे सुबह के व्यस्त समय में एक साथ बड़ी संख्या में यात्रियों के वेबसाइट और ऐप पर पहुंचने के बावजूद व्यवस्था सुचारु रहने की उम्मीद है।
तत्काल खुलते ही बढ़ जाता है भारी दबाव
आमतौर पर सुबह 8 बजे सामान्य आरक्षण और 10 व 11 बजे तत्काल टिकट की बुकिंग शुरू होते ही आईआरसीटीसी की वेबसाइट और ऐप पर अचानक भारी यातायात बढ़ जाता है। इसका असर सर्वर की गति पर पड़ता है और कई बार भुगतान विफल होने या बुकिंग प्रक्रिया अटकने जैसी दिक्कतें सामने आती हैं। पीक समय में एक-दो मिनट की तकनीकी समस्या भी बड़ी संख्या में यात्रियों की पक्की सीट बुक होने से रोक सकती है।
‘एक्टिव-एक्टिव डिजास्टर रिकवरी’ से नहीं रुकेगी सेवा
टिकट बुकिंग व्यवस्था में प्रस्तावित प्रमुख बदलावों में ‘एक्टिव-एक्टिव डिजास्टर रिकवरी सिस्टम’ शामिल है। इसका उद्देश्य तकनीकी ढांचे के किसी एक हिस्से में खराबी आने की स्थिति में भी सेवाओं को चालू रखना है। आईआरसीटीसी के मुताबिक, तकनीकी उन्नयन के बाद सिस्टम हर मिनट 1 लाख से ज्यादा टिकट बुकिंग का भार संभाल सकेगा। इससे अत्यधिक दबाव के दौरान भी वेबसाइट के ठप होने की आशंका कम होगी और सेवा चौबीसों घंटे जारी रखने में मदद मिलेगी।
सिकंदराबाद में तैयार हो सकता है बैकअप सिस्टम
प्रस्तावित डिजास्टर रिकवरी व्यवस्था सिकंदराबाद में स्थापित किए जाने की संभावना है। इसका इस्तेमाल उस समय अतिरिक्त सहारे के तौर पर किया जाएगा, जब बड़ी संख्या में यात्री एक साथ टिकट बुकिंग मंच का इस्तेमाल कर रहे हों। मुख्य डेटा केंद्र में तकनीकी खराबी आने पर सिकंदराबाद स्थित बैकअप व्यवस्था तुरंत काम संभाल सकेगी, जिससे टिकट बुकिंग सेवा बाधित होने से बचाई जा सके।
नई वेबसाइट से बुकिंग प्रक्रिया भी होगी आसान
आईआरसीटीसी टिकट बुकिंग के अनुभव को बेहतर बनाने के लिए अपनी वेबसाइट के डिजाइन पर भी काम कर रहा है। नई डिजाइन वाली वेबसाइट का बीटा संस्करण 15 जुलाई को जारी किया गया था। इसमें टिकट बुक करने की प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए कई बदलाव किए गए हैं। बुकिंग के दौरान चरणों की संख्या कम की गई है, अलग-अलग श्रेणियों में सीट की उपलब्धता देखने की सुविधा दी गई है और तेज बुकिंग के लिए यात्री की जानकारी सुरक्षित रखने का विकल्प भी शामिल किया गया है।
विज्ञापन और गैर-जरूरी कैप्चा से भी राहत
बीटा संस्करण में विज्ञापनों और पॉप-अप को जगह नहीं दी गई है। इसके अलावा गैर-जरूरी कैप्चा को भी हटाया गया है, ताकि यात्रियों के लिए टिकट बुकिंग की प्रक्रिया आसान और तेज हो सके। आईआरसीटीसी आगे जरूरी बदलाव करने के बाद नई डिजाइन वाली वेबसाइट का पूर्ण संस्करण जारी कर सकता है।
