उत्तर प्रदेश में लगातार बढ़ती गर्मी और लू के प्रकोप ने जनजीवन पर असर डालना शुरू कर दिया है। पिछले एक सप्ताह से तापमान 40 से 42 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंचने के बाद राज्य सरकार ने स्कूली बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए कई जिलों में स्कूलों के समय में बदलाव कर दिया है। आधा दर्जन से अधिक जिलों में कक्षा 1 से 8 तक के स्कूलों का समय संशोधित किया गया है, जबकि मिर्जापुर में कक्षा 12 तक के छात्रों को राहत दी गई है।
भीषण गर्मी और लू के चलते बदला गया स्कूल टाइमिंग शेड्यूल
भीषण गर्मी और दोपहर में तेज लू के कारण बच्चों के बीमार पड़ने की शिकायतों के बाद यह फैसला लिया गया है। अधिकांश जिलों में अब स्कूल सुबह जल्दी शुरू होकर दोपहर 12 बजे या 12:30 बजे तक संचालित किए जा रहे हैं। हालांकि अभिभावकों के बीच इस बात को लेकर सवाल भी उठ रहे हैं कि छुट्टी का समय भीषण धूप के समय के आसपास ही है, जिससे बच्चों को पूरी राहत नहीं मिल पा रही है।
इन जिलों में लागू हुआ नया समय
बेसिक शिक्षा अधिकारियों द्वारा स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। चंदौली, प्रतापगढ़, संतकबीर नगर और जौनपुर में स्कूल अब सुबह 7:30 बजे से दोपहर 12:30 बजे तक चलेंगे। जालौन और हमीरपुर में समय सुबह 7:30 बजे से 12 बजे तक निर्धारित किया गया है। वहीं औरैया और सोनभद्र में सबसे अधिक राहत देते हुए स्कूल सुबह 7 बजे से 12 बजे तक संचालित होंगे।
मिर्जापुर में कक्षा 6 से 12 तक के लिए नया आदेश लागू
मिर्जापुर में स्थिति को देखते हुए बड़ा बदलाव किया गया है। यहां यूपी बोर्ड, सीबीएसई, संस्कृत और मदरसा बोर्ड से संचालित सभी राजकीय, सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों में कक्षा 6 से 12 तक के लिए समय सुबह 7 बजे से दोपहर 12 बजे तक कर दिया गया है। जिला विद्यालय निरीक्षक ने सभी प्रधानाचार्यों को आदेश का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
जिला स्तर पर बीएसए को मिला समय बदलने का अधिकार
बेसिक शिक्षा निदेशक ने राहत आयुक्त और राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के निर्देशों के तहत जिलों को यह अधिकार दिया है कि वे स्थानीय स्तर पर मौसम की स्थिति को देखते हुए स्कूलों के समय में बदलाव कर सकें। कई जिलों में यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो चुका है, जबकि कुछ स्थानों पर जल्द ही इसे लागू किया जाएगा।
अभिभावकों और शिक्षकों की लंबे समय से थी मांग
लगातार बढ़ते तापमान के बीच अभिभावकों और शिक्षक संगठनों की ओर से लंबे समय से स्कूल समय में बदलाव की मांग की जा रही थी। कई संगठनों ने मुख्यमंत्री और राज्यपाल को पत्र लिखकर हस्तक्षेप की अपील भी की थी। उनका कहना था कि दोपहर में छुट्टी के समय बच्चों को लू लगने का खतरा सबसे अधिक रहता है।
स्कूलों को दिए गए सुरक्षा के निर्देश
शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को निर्देश दिया है कि परिसर में स्वच्छ पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए और बच्चों को गर्मी व लू से बचाव के उपायों के प्रति जागरूक किया जाए। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में गर्मी और अधिक बढ़ सकती है, ऐसे में अन्य जिलों में भी स्कूल समय में बदलाव की संभावना बनी हुई है।
