पति की सैलरी का 25% गुजारा भत्ता देना जरूरी नहीं, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने फैसले में स्पष्ट किया नियम

प्रयागराज: इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गुजारा भत्ते को लेकर अहम टिप्पणी करते हुए स्पष्ट किया है कि पति की शुद्ध मासिक आय का 25 प्रतिशत भरण-पोषण के रूप में देना कोई अनिवार्य कानूनी नियम नहीं है। अदालत ने कहा कि यह केवल एक सामान्य दिशा-निर्देश है और प्रत्येक मामले की परिस्थितियों के आधार पर अदालत गुजारा भत्ते की राशि तय करेगी। यह टिप्पणी जस्टिस अचल सचदेव की एकल पीठ ने दो आपराधिक पुनरीक्षण याचिकाओं की सुनवाई के दौरान की। अदालत ने कहा कि अधीनस्थ अदालतें मामले के तथ्यों और पक्षकारों की…

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