नई दिल्ली: सोने और चांदी की कीमतों में बुधवार को बड़ी हलचल देखने को मिली। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) से लेकर सर्राफा बाजार तक दोनों की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई। खासतौर पर चांदी के भाव में जोरदार टूट देखने को मिली, जिससे निवेशकों और खरीदारों की नजरें बाजार पर टिक गई हैं।
बुधवार सुबह कारोबार के दौरान चांदी की कीमतों में 1 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई, जबकि सोना भी करीब आधा प्रतिशत कमजोर होकर लाल निशान में कारोबार करता नजर आया।
MCX पर सोना हुआ सस्ता
एमसीएक्स पर सुबह करीब 10:29 बजे 5 जून डिलीवरी वाला सोना 865 रुपये की गिरावट के साथ 1,58,215 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार करता दिखा। इसमें करीब 0.54 प्रतिशत की कमजोरी दर्ज की गई।
कारोबार की शुरुआत में सोना 1,58,974 रुपये प्रति 10 ग्राम पर खुला था, जबकि पिछले कारोबारी सत्र में यह 1,59,080 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था।
दिन के कारोबार के दौरान सोने ने 1,60,378 रुपये प्रति 10 ग्राम का इंट्राडे हाई और 1,57,959 रुपये प्रति 10 ग्राम का इंट्राडे लो बनाया।
चांदी में भारी गिरावट से बाजार में हलचल
वहीं चांदी के भाव में और भी बड़ी गिरावट देखने को मिली। 3 जुलाई डिलीवरी वाली चांदी एमसीएक्स पर 2,969 रुपये टूटकर 2,67,150 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करती नजर आई। इसमें करीब 1.10 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई।
चांदी बुधवार को 2,67,230 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर पर खुली थी, जबकि मंगलवार को इसका बंद भाव 2,70,119 रुपये प्रति किलोग्राम था।
कारोबार के दौरान चांदी ने 2,68,464 रुपये प्रति किलोग्राम का उच्च स्तर और 2,66,580 रुपये प्रति किलोग्राम का निचला स्तर छुआ।
दिल्ली सर्राफा बाजार में भी बड़ी गिरावट
दिल्ली के सर्राफा बाजार में भी चांदी की कीमतों में बड़ी गिरावट दर्ज की गई। अखिल भारतीय सर्राफा संघ के मुताबिक, मंगलवार को चांदी 5,000 रुपये टूटकर 2,71,000 रुपये प्रति किलोग्राम पर बंद हुई।
हालांकि सोने की कीमतों में सर्राफा बाजार में तेजी देखने को मिली। 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव 800 रुपये बढ़कर 1,63,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया।
निवेशकों की बढ़ी नजरें
विशेषज्ञों का मानना है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में उतार-चढ़ाव और निवेशकों की सतर्कता के चलते सोने-चांदी की कीमतों में लगातार बदलाव देखने को मिल रहा है। आने वाले दिनों में वैश्विक संकेतों और डॉलर की चाल का असर घरेलू बाजार पर भी पड़ सकता है।
