नई दिल्ली: देशभर में पेपर लीक और परीक्षा में धांधली के मामलों के बीच आज संसद के मानसून सत्र में सार्वजनिक परीक्षाओं से जुड़े कानून में अहम बदलाव की प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह लोकसभा में ‘सार्वजनिक परीक्षाएं (अनुचित साधनों की रोकथाम) अधिनियम, 2024’ में संशोधन के लिए नया विधेयक पेश करने की अनुमति मांगेंगे। यदि सदन से अनुमति मिलती है तो सरकार इसी दिन विधेयक पर चर्चा और उसे पारित कराने का प्रस्ताव भी रखेगी।
पेपर लीक रोकने के लिए कानून को और सख्त बनाने की तैयारी
प्रस्तावित संशोधन का उद्देश्य सार्वजनिक परीक्षाओं में अनुचित साधनों, नकल और पेपर लीक जैसी घटनाओं पर प्रभावी रोक लगाने के लिए मौजूदा कानून को और मजबूत बनाना है। सरकार का मानना है कि संशोधित प्रावधान परीक्षा प्रणाली की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को और सुदृढ़ करेंगे।
लोकसभा में आज पेश होगा संशोधन विधेयक
मानसून सत्र के दौरान डॉ. जितेंद्र सिंह सदन से विधेयक पेश करने की अनुमति मांगेंगे। अनुमति मिलने के बाद वह इस संशोधन विधेयक पर विचार करने और उसे पारित करने का प्रस्ताव भी लोकसभा के समक्ष रखेंगे।
पेपर लीक पर सरकार का बड़ा एक्शन
देश में सरकारी परीक्षाओं की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाई पावर टास्क फोर्स के गठन की घोषणा की है। छह सदस्यीय इस समिति की अध्यक्षता नंदन नीलेकणी करेंगे। समिति परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाने और पेपर लीक की घटनाओं को रोकने के लिए तकनीकी और प्रशासनिक उपायों पर सरकार को विस्तृत रिपोर्ट सौंपेगी।
फास्ट ट्रैक कोर्ट और तकनीक आधारित निगरानी पर जोर
सरकार ने स्पष्ट किया है कि छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। पेपर लीक से जुड़े मामलों के त्वरित निस्तारण के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट के गठन की भी घोषणा की गई है। साथ ही परीक्षा प्रक्रिया में तकनीक के अधिक उपयोग के जरिए पारदर्शिता बढ़ाने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
सभी सांसदों से बहस में शामिल होने की अपील
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने सभी सांसदों से परीक्षा संशोधन विधेयक पर होने वाली चर्चा में भाग लेने की अपील की है। उन्होंने कहा कि यह मुद्दा देश के युवाओं और उनके भविष्य से जुड़ा है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से सदन में अपनी राय रखने और सार्थक चर्चा में हिस्सा लेने का आग्रह किया।
