UP बोर्ड परीक्षा 2026: केंद्रों पर सख्त सुरक्षा, 24 घंटे CCTV निगरानी और पुलिस फोर्स तैनात; मोबाइल-इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पूरी तरह बैन

मेरठ में यूपी बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं को लेकर तैयारियां तेज हो गई हैं। 18 फरवरी से शुरू होकर 12 मार्च तक चलने वाली परीक्षाओं को नकलविहीन और पारदर्शी बनाने के लिए जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) राजेश कुमार ने जिले के 98 परीक्षा केंद्र व्यवस्थापकों के साथ अहम बैठक की। बैठक में परीक्षा संचालन को लेकर कड़े दिशा-निर्देश जारी किए गए और अनुपस्थित केंद्र व्यवस्थापकों से स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश भी दिए गए।

स्ट्रांग रूम की सुरक्षा के लिए 24 घंटे पुलिस तैनाती अनिवार्य
जिला विद्यालय निरीक्षक ने निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों पर प्रश्नपत्रों की सुरक्षा के लिए स्ट्रांग रूम अनिवार्य रूप से बनाए जाएं। प्रश्नपत्र केंद्र पर पहुंचने से तीन दिन पहले स्ट्रांग रूम स्थापित करना होगा, जो प्रधानाचार्य कक्ष से अलग रहेगा। इसकी सुरक्षा के लिए 24 घंटे सशस्त्र पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही स्ट्रांग रूम में 24 घंटे सीसीटीवी कैमरे चालू रहेंगे और DVR की रिकॉर्डिंग क्षमता कम से कम 30 दिन की होना जरूरी होगा।

CCTV रिकॉर्डिंग छह महीने तक सुरक्षित रखना होगा
परीक्षा केंद्र पर प्रश्नपत्र और उत्तर पुस्तिकाएं पहुंचने से लेकर पूरी परीक्षा अवधि तक सीसीटीवी कैमरों की रिकॉर्डिंग अनिवार्य होगी। निर्देश दिए गए हैं कि परीक्षा कक्षों की रिकॉर्डिंग कम से कम छह माह तक सुरक्षित रखी जाए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर माध्यमिक शिक्षा परिषद को उपलब्ध कराई जा सके। साथ ही प्रत्येक परीक्षा केंद्र पर स्ट्रांग रूम के मुख्य द्वार पर कैमरा लगाना भी जरूरी होगा।

50 प्रतिशत स्टाफ बाहरी विद्यालयों से किया जाएगा तैनात
परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए कम से कम 50 प्रतिशत कक्ष निरीक्षक और स्टाफ बाहरी विद्यालयों से नियुक्त किए जाएंगे। इसके अलावा संबंधित विषय की परीक्षा में उसी विषय के अध्यापक की ड्यूटी कक्ष निरीक्षक या अवमोचक के रूप में नहीं लगाई जाएगी।

स्वकेंद्र छात्राओं के लिए विशेष व्यवस्था लागू
निर्देश दिए गए हैं कि जिस विद्यालय की छात्राएं स्वकेंद्र पर परीक्षा देंगी, उस विद्यालय के शिक्षक उनके परीक्षा कक्ष में कक्ष निरीक्षक नहीं बनाए जाएंगे। हालांकि यदि परीक्षा कक्षों में स्वकेंद्र छात्राएं मिश्रित रूप से बैठाई जाती हैं, तो यह व्यवस्था लागू होगी। वहीं यदि पूरे केंद्र पर छात्राएं मिश्रित रूप से बैठती हैं, तो यह नियम लागू नहीं होगा।

बालिकाओं की तलाशी महिला शिक्षक ही लेंगी
पीएमश्री राजकीय इंटर कॉलेज के उपप्रधानाचार्य प्रशांत चौधरी ने बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों पर बालिका परीक्षार्थियों की तलाशी महिला शिक्षिकाओं द्वारा और बालक परीक्षार्थियों की तलाशी पुरुष शिक्षकों द्वारा ही ली जाएगी।

मोबाइल, कैलकुलेटर और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पूरी तरह प्रतिबंधित
परीक्षा केंद्रों के अंदर परीक्षार्थियों को मोबाइल फोन, कैलकुलेटर, नकल सामग्री या किसी भी प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक उपकरण ले जाने की अनुमति नहीं होगी। परीक्षा के दौरान अनधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश, फोटोग्राफी और मीडिया को परीक्षा से संबंधित ब्रीफिंग पर भी पूरी तरह प्रतिबंध रहेगा।

जनरेटर और इनवर्टर की व्यवस्था रखना जरूरी
सभी परीक्षा केंद्रों पर बिजली की वैकल्पिक व्यवस्था जनरेटर या इनवर्टर के जरिए सुनिश्चित करनी होगी, ताकि सीसीटीवी कैमरों और प्रकाश व्यवस्था में किसी प्रकार की बाधा न आए। साथ ही कक्ष निरीक्षक उत्तर पुस्तिका पर परीक्षार्थी के अनुक्रमांक सहित सभी विवरण प्रवेश पत्र से मिलान करने के बाद ही हस्ताक्षर करेंगे और परीक्षार्थियों को उत्तर पुस्तिका के प्रत्येक पृष्ठ पर अनुक्रमांक लिखने के निर्देश देंगे।

बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में सह जिला विद्यालय निरीक्षक डॉ. पारुल वर्मा, सह जिला विद्यालय निरीक्षक कृष्ण कुमार, पीएमश्री राजकीय इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य उपेंद्र सिंह और राजकीय कन्या इंटर कॉलेज परीक्षितगढ़ की प्रधानाचार्य पूनम चौधरी भी मौजूद रहीं।

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