पश्चिम बंगाल के मालदा में एसआईआर को लेकर जारी विरोध प्रदर्शन के हिंसक रूप लेने के बाद सियासी घमासान तेज हो गया है। इस घटना में अधिकारियों पर हमले और घेराव के बाद सुप्रीम कोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेते हुए सख्त रुख अपनाया है। कोर्ट ने इसे न्यायपालिका की गरिमा पर हमला मानते हुए राज्य के मुख्य सचिव और गृह सचिव को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। इसी बीच बीजेपी सांसद रवि किशन ने सुप्रीम कोर्ट के कदम का स्वागत करते हुए राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला है।
‘बंगाल में सुरक्षा हालात बेहद खराब’, रवि किशन का आरोप
मालदा की घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए रवि किशन ने कहा कि राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति गंभीर है। उन्होंने कहा, “मैं सुप्रीम कोर्ट को धन्यवाद देता हूं। पिछले दो चुनावों से जब भी मैं प्रचार के लिए गया, वहां मुझे पर्याप्त सुरक्षा नहीं मिली। एक दुबला-पतला सुरक्षाकर्मी दिया गया था, जिसकी सुरक्षा भी हमें ही करनी पड़ती थी।” उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में किसी भी समय हिंसा हो सकती है और राजनीतिक कार्यकर्ताओं पर हमले आम बात हो गई है। उनके मुताबिक, पहले भी कई बीजेपी कार्यकर्ताओं की हत्या हो चुकी है और चुनावी माहौल में डर का वातावरण बना रहता है।
ममता बनर्जी पर सीधा निशाना, चुनावी हार का किया दावा
रवि किशन ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि राज्य में डर और दबाव की राजनीति चल रही है। उन्होंने कहा, “दीदी चुनाव हार रही हैं और बीजेपी सरकार बना रही है।” उन्होंने आरोप लगाया कि सांस्कृतिक कार्यक्रमों तक को अनुमति नहीं दी जाती, जिससे सरकार की मानसिकता साफ झलकती है। रवि किशन के मुताबिक, अब राज्य में बदलाव की लहर है और आने वाले चुनाव में इसका असर देखने को मिलेगा।
सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद बढ़ी राजनीतिक हलचल
मालदा की घटना को लेकर सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद राजनीतिक बयानबाजी और तेज हो गई है। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि इस तरह की घटनाएं न्यायिक व्यवस्था पर सीधा हमला हैं, जिसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अब इस मामले में राज्य सरकार की ओर से जवाब का इंतजार किया जा रहा है।
