उन्नाव। यूजीसी (विश्वविद्यालय अनुदान आयोग) को लेकर चल रहे विवाद ने अब राजनीतिक रंग ले लिया है। इस मामले में पुरवा के भाजपा विधायक अनिल सिंह का एक बयान सामने आया है, जो इंटरनेट मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वायरल वीडियो में पुरवा विधायक अनिल सिंह ने यूजीसी के नियमों को लेकर सोशल मीडिया पर टिप्पणी करने वालों पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि ब्राह्मण और क्षत्रिय कोई जाति नहीं, बल्कि कर्म से होते हैं। ये समाज त्यागी, तपस्वी और बड़े हृदय वाले हैं, जो हजारों वर्षों से गालियां सुनते आ रहे हैं। इसमें कोई नई बात नहीं है।
विधायक ने कहा कि सरकार ने अभी यूजीसी के नियमों को लागू नहीं किया है, फिर भी बेवजह विवाद खड़ा किया जा रहा है। उन्होंने समाज से बड़ा हृदय रखने की अपील करते हुए कहा कि फिल्मों में भी आखिर में ठाकुर ही पिटते हैं, क्या किसी ने कभी इसका बुरा माना। अनिल सिंह ने आगे कहा कि क्षत्रिय और ब्राह्मण कोई ऐसी जाति नहीं हैं जो छतरी बनकर सबके लिए लड़ें। ब्राह्मण कर्म से होता है। जो गांव से लेकर देश के कल्याण की बात सोचे, वही ब्राह्मण कहलाने योग्य है।
उन्होंने यूजीसी को लेकर फेसबुक पर टिप्पणी करने वालों पर तंज कसते हुए कहा कि अगर फेसबुक पर ज्ञान देने वाले सवर्णों के हितैषी हैं तो वे अपने घर, परिवार या किसी नजदीकी गरीब सवर्ण परिवार की बेटी की शादी कराकर दिखाएं, तभी उनकी बातों पर विश्वास किया जाएगा। फिलहाल विधायक का यह बयान सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ है और इसे लेकर तरह-तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं।
