उत्तर प्रदेश के अयोध्या में राम मंदिर के मुख्य शिखर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा फहराई गई धर्म ध्वजा के बाद अब मंदिर परिसर के छह उप-मंदिरों पर भी इसी प्रकार की रस्में आयोजित की जाएंगी। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है।
6 उप-मंदिरों के नाम और महत्व
ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने बताया कि जिन मंदिरों पर धर्म ध्वजा फहराई जाएगी, उनमें सूर्य, भगवती, शिवलिंग, गणपति, शेषावतार और हनुमान को समर्पित मंदिर शामिल हैं। ये सभी मंदिर राम जन्मभूमि परिसर के प्रमुख धार्मिक स्थलों में गिने जाते हैं और यहां होने वाली रस्में श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व रखती हैं।
हनुमान जयंती पर होगा पहला समारोह
हनुमान मंदिर के शिखर पर धर्म ध्वजा फहराने की रस्म 2 अप्रैल को हनुमान जयंती के अवसर पर आयोजित की जाएगी। चंपत राय ने बताया कि बाकी पांच उप-मंदिरों पर ध्वज फहराने की रस्में 22, 23, 24, 25, 29, 30 और 31 मार्च को आठ दिन के अलग-अलग चरणों में संपन्न होंगी।
सीमित संख्या में होंगे शामिल
इस कार्यक्रम को बिना किसी बड़ी जनसभा के आयोजन करने का निर्णय लिया गया है। हर रस्म में लगभग 50 संत और करीब 200 लोग शामिल होंगे, जिनमें परियोजना से जुड़े इंजीनियर और मजदूर भी शामिल हैं। चंपत राय ने यह भी याद दिलाया कि मुख्य शिखर पर धर्म ध्वजा फहराने की रस्म 25 नवंबर 2025 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूरी की थी।
